विपिन चौधरी की हरियाणवी कविताएँ

विपिन चौधरी किसी भी रचनाकार के लिए उसकी देशजता सबसे अहम होती है। अपनी रचनाओं के लिए खाद-पानी वह वहीँ से आजीवन जुटाता है। अपनी देशज बोलियों के ऐसे शब्द जिनका अक्स दूसरी बोलियों में प्रायः नदारद होता है, अपनी कविताओं में ला कर न केवल कविताओं की जमीन को पुख्ता करता है, बल्कि देश-दुनिया […]

विपिन चौधरी

आज का हमारा यह दौर रचनात्मक रूप से इतना उर्वर दौर है जितना पहले शायद कभी नहीं रहा. विपिन चौधरी युवा कविता और कहानी के क्षेत्र में एक ऐसा ही नाम है जिन्होंने अपनी रचनाधर्मिता से गहरे तौर पर प्रभावित किया है. यह विपिन जी के कवि मन की सामर्थ्य ही है कि आज जब […]