मोहन नागर के कविता संग्रह ‘छूटे गाँव की चिरैया‘ पर पद्मनाभ गौतम की समीक्षा –

युवा कवि मोहन नागर का पहला कविता संग्रह अभी-अभी प्रकाशित हुआ है। मोहन के इस संग्रह में एक नयी ताजगी और धार स्पष्ट ही देखी जा सकती है. इसकी एक समीक्षा हमारे कवि मित्र पद्मनाभ ने लिख भेजी है। पद्मनाभ की यह समीक्षा इस मायने में भी अहम् है कि यह इनके द्वारा लिखी गयी […]