महकती रहेगी ‘बातां री फुलवारी’

विजय दान देथा का पिछले दिनों 10 नवम्बर 2013 को निधन हो गया। देथा जिन्हें हम प्यार से ‘विज्जी’ कहते थे पर एक श्रद्धांजलि आलेख भेजा है हमारे मित्र मूलतः बीकानेर के मनमोहन लटियाल ने। प्रस्तुत है यह आलेख।  मृत्यु एक शाश्वत सत्य है और उससे किसी न किसी दिन हम सबको रूबरू होना ही […]