निर्मला तोदी के कविता संग्रह ‘सड़क मोड घर और मैं’ के लोकार्पण कार्यक्रम की एक रपट

निर्मला तोदी की कविताएँ हम पहले भी ‘पहली बार’ ब्लॉग पर पढ़ चुके हैं। निर्मला की कविताएँ प्रायः ऐसे विषयों को ले कर होती हैं जिनके बारे में और लोग बात नहीं करते। एक अलग किस्म की कल्पनाशीलता उन्हें औरों से अलगाती है। अभी हाल ही में कवयित्री निर्मला तोदी का एक कविता संग्रह ‘सड़क […]

निर्मला तोंदी की कविताएँ

निर्मला तोंदी कवयित्री निर्मला तोंदी ने चर्चित पत्रिका ‘सदानीरा’ में छपने के लिए अपनी कुछ कविताएँ भेजीं थीं. वे कविताएँ उस पत्रिका में प्रकाशित भी हुईं लेकिन सम्पादित रूप में. निर्मला जी को इस पर आपत्ति थी. इसी आपत्ति को ले कर उन्होंने सम्पादक को पत्र लिखा जिसे आग्नेय जी ने अपनी पत्रिका में यथावत […]

निर्मला तोंदी की समीक्षा ‘दीवार पत्रिका और रचनात्मकता’

दुनिया का हर व्यक्ति रचनात्मक होता है। बच्चों में तो रचनात्मकता के प्रति एक अलग ही जूनून होता है बशर्ते उसे सही दिशा प्रदान कर दिया जाए। महेश चन्द्र पुनेठा, दिनेश कर्नाटक, रेखा चमोली और चिन्तामणि जोशी जैसे मित्रों ने बच्चों की रचनात्मकता को धार प्रदान करने के उददेश्य से ‘दीवार’ पत्रिका का प्रकाशन शुरू […]

निर्मला तोंदी के कविता संग्रह ‘अच्छा लगता है’ पर महेश चन्द्र पुनेठा की समीक्षा

 निर्मला तोंदी इधर की उन चुनिन्दा कवियित्रियों में से हैं जिन्होंने आज की कविता की दुनिया में अपनी एक सुपरिचित पहचान बना ली है. हाल ही में निर्मला का एक नया कविता संग्रह आया है- ‘अच्छा लगता है’. इस संग्रह की एक पड़ताल की है युवा कवि-आलोचक महेश पुनेठा ने. तो आइए पढ़ते हैं निर्मला […]

निर्मला तोंदी की कविताएं

हमारे इर्द गिर्द तमाम घटनाएँ घटती रहती हैं. कुछ बाहर तो कुछ हमारे अन्दर. लेकिन इनको महसूस कर सकता है या तो एक संवेदनशील मन या फिर प्रकृति. इसके अन्तर्गत वे पेड़ पौधे भी आते हैं जो दुनिया भर का कष्ट सहन कर इस पृथ्वी और इस जीवन को बचाने का कार्य चुपचाप कर रहे […]