प्रमोद कुमार की कविताएँ

प्रमोद कुमार   परिचय जन्म :  सनद में 3 जनवरी ’1957;  माँ के अनुसार उक्त वर्ष के आगे–पीछे के किसी वर्ष में माह सावन कृष्ण पक्ष तिथि नवमी, तद्नुसार  पिता के अनुसार 15 जुलाई। बिहार के सीवान जिले के बिलासपुर नामक एक अचर्चित गाँव में। लालन–पालन: पिता के मामा क्रांतिकारी स्वतंत्रता सेनानी बाबा रामबहादुर लाल के  […]

नासिर अहमद सिकन्दर के कविता संग्रह “अच्छा आदमी होता है अच्छा” पर उमाशंकर सिंह परमार की समीक्षा।

नासिर अहमद सिकन्दर नासिर अहमद सिकन्दर का एक कविता संग्रह पिछले वर्ष ही प्रकाशित हुआ है। “अच्छा आदमी होता है अच्छा” नाम के इस संग्रह में नासिर ने अपनी छोटी कविताओं के माध्यम से कविता में लय और छंद को साधने की सफल कोशिश की है। नासिर की इन कविताओं के गहरे अभिधार्थ भी हैं […]

रोहिणी अग्रवाल का आलेख ‘झोपड़पट्टी में धड़कती ज़िन्दगी और उलझती समस्याएं’

महानगरीय सभ्यता ने मानव सभ्यता के इतिहास में एक नयी अमानवीय संस्कृति को जन्म दिया जिसे हम ‘झोपड़पट्टी संस्कृति’ नाम से जानते हैं. रोजी-रोटी की तलाश में महानगर आए निम्नवर्गीय (आर्थिक) पृष्ठभूमि वाले लोगों का शरणगाह बनी ये झोपड़पट्टीयाँ आंसू, अभाव और हाड़तोड़ मेहनत के बावजूद दो समय की रोटी के लिए उनकी जिल्लत भरी […]

सुशील कुमार का आलेख ‘“पोएट्री मैनेजमेंट” – कविता की मदारी भाषा और नवरीतिवाद के काव्य-सौंदर्य का अन्यतम नमूना,

शुभम श्री हाल ही में कवयित्री शुभम श्री को इस वर्ष का भारत भूषण अग्रवाल पुरस्कार मिला है। शुभम श्री को यह पुरस्कार जलसा – 4 में छपी उनकी कविता ‘पोइट्री मैनेजमेंट’ के लिए दिया गया है। इस बार के निर्णायक हैं कवि-कहानीकार उदय प्रकाश। पुरस्कार जिस कविता पर दिया गया उस पर साहित्यिक खेमे […]

शाहनाज़ इमरानी की कहानी ‘लड़ाई जारी है’

शाहनाज इमरानी   जन्मस्थान – भोपाल (मध्य प्रदेश) शिक्षा – पुरातत्व विज्ञान (आर्कियोलॉजी) में स्नातकोत्तर  सृजन – कई महत्वपूर्ण पत्र-पत्रिकाओं में कविताएँ छपी हैं।             पहला कविता संग्रह  “दृश्य के बाहर” पुरस्कार – लोक चेतना की साहित्यिक पत्रिका “कृति ओर” का प्रथम सम्मान! संप्रति – भोपाल में अध्यापिका  हाल ही में पकिस्तान […]

मनोज कुमार पांडेय की कहानी ‘मोह’

  मनोज कुमार पाण्डेय मनुष्य अपने आप में विरोधाभासों का एक गुच्छा है। एक तरफ वह सुरक्षा और शान्ति की बात तो करेगा लेकिन दूसरी तरफ अपने को ताकतवर बनाने के उपाय करने से नहीं चूकेगा। वह ऊपर से सीधा-सादा, निश्छल, निष्पाप और मीठा दिखेगा लेकिन गौर से देखने पर उस के अंतर्मन में एक […]

नवनीत पाण्डे की कविताएँ

नवनीत पाण्डे जन्मः 26 दिसंबर सादुलपुर (चुरु). शिक्षाः एम. ए.(हिन्दी), एम. कॉम. (व्यवसायिक प्रशासन), पत्रकारिता-जनसंचार में स्नातक। हिन्दी व राजस्थानी दोनो में पिछले पच्चीस बरसों से सृजन। प्रदेश-देश की सभी प्रतिनिधि पत्र-पत्रिकाओं में निरंतर प्रकाशन। प्रकाशनः हिन्दी- ‘सच के आस-पास’, ‘छूटे हुए संदर्भ’ व ‘जैसे जिनके धनुष’ (कविता संग्रह) ‘यह मैं ही हूं‘, ‘हमें तो […]