मनोज पाण्डेय

क्या हो अगर आज जो स्थिति है वह पलट जाय. अगर आम आदमी के हिस्से में सारी धूप रख दी जाय और साधन-संपन्न लोगों के हिस्से में भयावह अन्धेरा रख दिया जाय. क्या हो अगर आज गांधी जी आज सपरिवार बिहार के चंपारण की यात्रा पर जाय. खाए-अघाए लोगों के लिए यह भले ही अकल्पनीय […]

अल्पना मिश्र

अल्पना मिश्रा ने अपने शिल्प और भाषा के बल पर हिन्दी कहानी में एक अलग पहचान बनायी हैं। लमही के नए अंक में अल्पना जी की यह कहानी प्रकाशित हुई है जिसे हम पहली बार के पाठकों के लिए प्रस्तुत कर रहे हैं। स्याही में सुरखाब के पंख सोनपती बहन जी माचिस लिए रहती हैं सोनपती बहनजी को […]

डॉ शाश्विता

          जन्म –  जम्मू में            माँ –     सुश्री सुनीता [ सेवानिवृत्त प्रवक्ता ]           पिता –  विपिन चंद कपूर [ जे एंड के, के भूतपूर्व उपमुख्य मंत्री के सेवानिवृत्त निजी सचिव ]           शिक्षा –  महाराष्ट्र से बी एम […]

लोर्का: जातीय लोकधर्मी कवि

जनवरी 2013 से पहली बार पर हमने ‘विश्व के लोकधर्मी कवियों की श्रृंखला’ आरम्भ की थी। इसे हमारे आग्रह पर वरिष्ठ कवि विजेन्द्र जी ने ‘पहली बार’ के पाठकों के लिए लिखा है। इस श्रृंखला के अंतर्गत आप वाल्ट व्हिटमैन, बाई जुई, मायकोव्स्की एवं नाजिम हिकमत को पहले ही पढ़ चुके हैं। इस बार प्रस्तुत है विश्वविख्यात कवि लोर्का […]

लीना मल्होत्रा रॉव

जन्म तिथि व स्थान  ३ अक्तूबर, गुडगाँव  हँस, वसुधा,  समकालीन भारतीय साहित्य, प्रतिलिपि, पाखी, परिकथा, शिखर, हरियाणा साहित्य अकेडमी की पत्रिका हरिगंधा,पब्लिक एजेंडा,  कल के लिए, स्त्रीकाल, पर्वत राग, अलाव, अपनी माटी, जनसंदेश, दैनिक जागरण, नवभारत, जनवाणी अनेक पत्र पत्रिकाओं में रचनाये प्रकाशित. कविता  संग्रह– ‘ मेरी यात्रा का ज़रूरी सामान‘ बोधि प्रकाशन, जयपुर से प्रकाशित  संग्रह की समीक्षाएं राष्ट्रीय स्तर के  पत्र पत्रिकाओं में […]

हिंदी कहानी : यथार्थवादी नजरि‍या

आनन्द प्रकाश   चर्चित आलोचक  आनन्द प्रकाश के सम्पादन में कथाकार  मार्कण्डेय के वैचारि‍क लेखनकी पुस्तक ‘हिंदी कहानी : यथार्थवादी नजरि‍या’ प्रकाशि‍त हुई है। 2 मई1930 को  जन्मे कथाकार  मार्कण्डेय की  जन्मति‍थि‍ (2 मई 2013) पर  प्रस्तुत है  इस पुस्तक कीभूमि‍का– 1950 का दशक मार्कण्डेयके साहित्यिकव्यक्तित्व का निर्माणकाल कहा जासकता है।इस दशकमें मार्कण्डेयदेशव्यापी परिवर्तनों के साक्षी बनेजिनके […]

शेष नारायण मिश्र की गज़लें

  शेष नारायण मिश्र  का जन्म उत्तर प्रदेश के चित्रकूट जिले के मऊ में दो जनवरी  १९८५ को हुआ. स्थानीय महामति प्राणनाथ महाविद्यालय मऊ से स्नातक स्तर तक की शिक्षा प्राप्त करने के पश्चात इन्होने  वर्ष २००५ में दिल्ली के जवाहर  लाल नेहरु विश्वविद्यालय  से संस्कृत में स्नातकोत्तर  किया. अपने समूचे अध्ययन काल  में शेषनारायण एक मेधावी छात्र रहे. २००६ में यू. जी. सी. की जे. आर. एफ. के लिए  […]